सोमवार, 12 अप्रैल 2010

चिरकुटानंद स्वामी

चिरकुट-कामचोर,
पॉकेट में हाथ,
हर वक्त होते बॉस के साथ,
काम का बस करते शोर,
ये चिरकुट-कामचोर,
मुंह में हरदम गुटका और पान,
यही है चिरकुट की पहचान

गुरुवार, 8 अप्रैल 2010

गिरगिट सा रंग




जब मैं छोटी थी,
जब कहीं गिरगिटों को देखती,
अपनी आंखें गड़ा देती,
जानना चाहती,
गिरगिट कैसे रंग बदलते हैं,
अब आंखें नहीं गड़ाती,
फिर भी देख लेती हूं,
गिरगिटों को रंग बदले।